• Last Update 05:14 am

Parliament session: इस बार नहीं होगा संसद का शीतकालीन सत्र, कोरोना संक्रमण को चलते सरकार ने लिया फैसला
National

Parliament session: इस बार नहीं होगा संसद का शीतकालीन सत्र, कोरोना संक्रमण को चलते सरकार ने लिया फैसला

नई दिल्ली। कोरोना वायरस के चलते इस बार संसद का शीतकालीन सत्र नहीं बुलाया जाएगा। संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने इस बात की जानकारी दी। अब जनवरी में सीधे बजट सत्र बुलाया जाएगा। बता दें कि कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने विवादास्पद नए कृषि कानूनों पर चर्चा करने के लिए सत्र बुलाने की मांग की थी। जोशी ने जवाब दिया कि उन्होंने सभी दलों के नेताओं के साथ विचार-विमर्श किया था और सर्वसम्मति से कोविड-19 के कारण सत्र न बुलाए जाने पर सभी सहमत हुए। हालांकि कांग्रेस का कहना है कि सत्र को लेकर उनसे परामर्श नहीं किया गया है।

वर्तमान में, हम दिसंबर के मध्य में हैं और बहुत जल्द कोविड-19 वैक्सीन के आने की उम्मीद है। इस संबंध में, मैंने विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं से अनौपचारिक रूप से संपर्क किया है। सभी ने कोरोना महामारी को लेकर अपनी चिंता जाहिर की और संसद का शीतकालीन सत्र टालने पर सहमत हुए। उन्होंने कहा, सरकार जल्द से जल्द संसद के अगले सत्र के लिए तैयार है। पत्र में कहा गया कि कोविड-19 बीमारी को देखते हुए बजट सत्र, जनवरी 2021 में बुलाया जाना उचित रहेगा। इस पत्र के सामने आने के तुरंत बाद, वरिष्ठ कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्वीट किया कि सरकार ने राज्यसभा में विपक्ष के नेता, कांग्रेस सदस्य गुलाम नबी आज़ाद से परामर्श नहीं किया। संविधान कहता है कि संसद को छह महीने के भीतर बैठक करनी चाहिए।

बता दें कि नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों के प्रदर्शन का आज 20वां दिन है। दिल्ली-एनसीआर में पारा लगातार गिरता जा रहा है, लेकिन किसानों की मांगों पर गतिरोध बढ़ता ही जा रहा ह।. सरकार किसानों के साथ आमने-सामने से बात तो कर ही रही है, प्रदर्शनकारी किसानों को मनाने के लिए बैकडोर चैनल से भी बात कर रही है, लेकिन सिंघु, टिकरी और गाजीपुर पर डटे किसान नए कानूनों को रद्द करने से कम पर राजी नहीं है। अपनी मांगों के समर्थन में सोमवार को किसानों ने भूख हड़ताल भी की।

  • Tags

You can share this post!


Leave Comments